“झारखंड के किसानों ने निकरा, ग्राम–करगा का किया भ्रमण”

अम्लेश्वर पाटन। रांची, झारखंड के कृषि विभाग की आत्मा योजना अंतर्गत अंतर राज्य परिभ्रमण कार्यक्रम में किसानों ने दुर्ग जिले के पाटन अंतर्गत ग्राम–करगा में जलवायु परिवर्तन आधारित विभिन्न कृषि तकनीकों के प्रदर्शनों का भ्रमण किया। प्रदर्शन में बिना जुताई गेहूं की खेती, गर्मी सहनशील गेहूं किस्म कनिष्का का प्रदर्शन, असिंचित क्षेत्र में धान की खेती में नमी का समुचित उपयोग कर उन्नत उत्पादन में तिवड़ा की खेती का अवलोकन किया। कम दिनों की अरहर, राजेश्वरी फूलों का मेड़ पर भी अवलोकन किया, साथ ही ग्राम स्तर पर किसानों से भी चर्चा की और इन प्रदर्शनों के लाभ आदि पर प्रत्यक्ष किसान के अनुभव पर स्वयं चर्चा कर लाभ प्राप्त किया।


इसके उपरांत किसानों ने कृषि विज्ञान केंद्र, पांहदा (अ) का भी भ्रमण किया जहाँ धनिया, तिवड़ा, चना, कम लागत की वर्मीकम्पोस्ट तकनीक, बीज उत्पादन, उद्यानिकी की नर्सरी, सरसों की खेती और हल्दी की खेती का अवलोकन किया एवं विस्तृत चर्चा की।
आत्मा, झारखंड के किसानों ने भ्रमण में कृषि की उन्नत एवं नई तकनीकों को देखने के बाद भ्रमण को अत्यंत उपयोगी बताया। इस भ्रमण में झारखंड के कृषि विभाग से अधिकारी श्री विकास कुमार एवं कृषि विज्ञान केंद्र से डॉ. विजय जैन, वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख, डॉ. कमल नारायण वर्मा, डॉ. (श्रीमती) ललिता रमटके, डॉ. (श्रीमती) आरती टिकारिहा, श्रीमती सृष्टि तिवारी, कु. हर्षना चंद्राकर उपस्थित थे।








