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कृषि महाविद्यालय में रबी फसलो के शोध पर वैज्ञानिक परिचर्चा का आयोजन

मनोज साहू /पाटन / संत विनोबा भावे कृषि महाविद्यालय एवं अनुसन्धान केंद्र मर्रा में रबी फसलो (वर्ष 2024-25 एवं 2025-26) पर पूर्व एवं आगामी अनुसन्धान पर स्टेशन मीटिंग-लेवल 1 का आयोजन किया गया, महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ.अजय वर्मा के सफल मार्गदर्शन में कार्यक्रम संपन्न हुआ, कार्यक्रम के प्रथम चरण में अध्यक्षता कर रहे डॉ. सी.आर. नेताम, ने बताया की आज का कृषि परिदृश्य कई चुनौतियों से भरा हुआ है‌ जैसे-जलवायु परिवर्तन, मृदा की गिरती उर्वरता, नई बीमारियाँ और कीट, संसाधनों की कमी और लागत में वृद्धि। इन चुनौतियों का समाधान केवल सामूहिक प्रयासों और वैज्ञानिक अनुसंधान से ही संभव है। आगे उन्होंने महाविद्यालय में की जा रही गतिविधियों के बारे में विस्तृत चर्चा की साथ ही इस बैठक का वास्तविक उद्देश्य बताया कि —अनुसंधान को खेतों तक पहुँचाना और किसानों की उत्पादकता तथा आय में वृद्धि करना ही उद्देश्य है।

इसी चरण में कार्यक्रम उपाध्यक्ष डॉ. विजय जैन द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र में चल रही गतिविधियों की संक्षिप्त में जानकारी दी गई, साथ ही सभी साथी वैज्ञानिको को कृषक हितैषी अनुसन्धान के लिए प्रोत्साहित किया। तत्पश्चात कार्यक्रम के द्वितीय चरण में कृषि महाविद्यालय से डॉ. सुशीला, डॉ. मोहनीशा, डॉ. नीतू, डॉ. किरण नागराज, श्रीमती सुचिता, श्री प्रवीण साहू द्वारा पिछले शोध के परिणाम एवं आगामी शोध के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गयी, क्रमबद्ध अगले चरण में कृषि विज्ञान केंद्र पहांदा के वैज्ञानिक डॉ. ईश्वरी, डॉ. विनय, डॉ. मनीष एवं डॉ.आरती द्वारा कृषकों के प्रक्षेत्र पर किए गए परीक्षण के परिणाम तथा आगामी कार्ययोजना का प्रस्तुतीकरण किया गया।

उक्त कार्यक्रम में महाविद्यालय से डॉ. रैना, डॉ. मंजू, डॉ. विनीता, डॉ. तृप्ति, डॉ. अंजली एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे, कार्यक्रम में डॉ. आशीष के द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया ।

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