खनिज अधिकारी मौन, अवैध रेत का भंडारण कही पर भी, सुबह व शाम को होती है अवैध रूप से परिवहन
अमलेश्वर 25 अगस्त : पाटन विधान सभा क्षेत्र अंतर्गत कौही, बोरेंदा व केसरा, कापसी , पाहंदा (अ) सहित क्षेत्र के गावों मे रेत का अवैध भंडारण,विभाग नहीं कर रहे है कार्रवाई क्षेत्र के ग्राम केसरा, कौही व बोरेंदा, कापसी पाहंदा (अ) सहित खारून नदी के किनारे गावों मे रेत का अवैध भण्डारण करके रखा गया है,रेत माफीयो के द्वारा गावों के जमीनों पर कब्ज़ा कर इस अवैध कार्यों को अंजाम दिया जा रहा है, इस पर खनिज विभाग व राजस्व विभाग पाटन का कोई ध्यान नहीं है किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं किया जा रहा है जिससे की इन लोगो की हौसले बुलंद होते जा रहे है।
शासकीय जमीनों पर किया गया है भंडारण इस गावों मे रेत माफीयो के द्वारा रेत का भण्डारण गावों के शासकीय जगहों पर कब्ज़ा कर किया गया है। गावों मे जँहा पर भी जगह मिला वही रेत का ढेर लगा दिए है इन पर पंचायत के पदाधिकारीगण भी आवाज नहीं उठा रहे है।गांव के लोगो का कहना है की जब कोई व्यक्ति अपने घर के आसपास छोटे से जगह को कब्जा करता है तो अधिकारी सहित पंचायत के लोग उसे हटाने लग जाते है लेकिन रेत माफीयो के द्वारा घास जमीनों पर व शासकीय कार्यालय सही शासकीय भवनो के सामने रेत का भंडारण किया गया है उस पर किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं की जा रहा है ग्राम में मवेशीयो के चारागाह की जगहों पर रेत भण्डारण कर रखा गया है। शासकीय जमीनों पर रेत माफीयो के द्वारा रेत का भण्डारण किया गया है, यही हाल नदी किनारे गांवों की है, जिसको जँहा जगह मिली वंहा रेत का भंडार किया गया है।
उची दामों मे हो रही है परिवहन इन दिनों उन्ही भण्डारण की रेत की सुबह व शाम को अवैध रूप से परिवहन किया जा रहा है इस पर ना ही पाटन के अधिकारी कार्रवाई कर रहे है और न ही खनिज विभाग इस पर लगाम लगा पा रहा है क्षेत्र के लोगो ने इन पर ठोस कार्रवाई का इंतजार कर रहे है।खनिज अधिकारी और रेत माफिया के साठ गांठ होने के करना रेत का भंडारण कही भी जाम कर दे रहा है और बरसात के मोसम में रेत को अधिक दामों में बेचे जा रहे है । इसी लिए रेट माफिया कही भी जाम कर रखा दे रहा है ।



