दुर्ग, 22 जून। छत्तीसगढ़ ड्राईवर महासंगठन जिला दुर्ग के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने आज संगठन के प्रतिनिधिमंडल के माध्यम से जिला कलेक्टर दुर्ग को ड्राइवरों से संबंधित विभिन्न समस्याओं एवं मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा। संगठन ने प्रशासन से मांगों पर उचित कार्रवाई करते हुए ड्राइवर वर्ग के हितों की रक्षा करने की मांग की।संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के ड्राइवरों को कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, जिनका समाधान किया जाना अत्यंत आवश्यक है।
ज्ञापन में मांग की गई कि स्वर्गीय ताम्रध्वज साहू के परिवार को राज्य सरकार द्वारा उचित मुआवजा प्रदान किया जाए तथा घटना में शामिल संबंधित वाहन मालिक के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही घटना में शामिल सभी दोषियों को आजीवन कारावास अथवा फांसी जैसी कठोर सजा दिए जाने की मांग भी की गई।
महासंगठन ने मांग रखी कि हेवी ड्राइवरों के लाइसेंस को श्रम विभाग से जोड़ा जाए तथा वाहन मालिकों द्वारा नियुक्ति प्रमाण पत्र जारी कराया जाए, जिसमें ड्राइवरों के वेतन, भत्ते एवं कार्य समय का स्पष्ट उल्लेख हो। इसके अलावा ड्राइवरों के लिए निर्धारित ड्यूटी टाइम-टेबल सुनिश्चित करने, दुर्घटना में अपंगता अथवा मृत्यु होने की स्थिति में वाहन मालिक एवं राज्य सरकार द्वारा उचित मुआवजा प्रदान करने की व्यवस्था लागू करने की मांग भी की गई।
संगठन के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने कहा कि यदि आगामी चार माह के भीतर ड्राइवर वेलफेयर बोर्ड का गठन नहीं किया जाता है, तो संगठन पुनः 25 अक्टूबर की भांति पूरे प्रदेश में “स्टेयरिंग छोड़ो आंदोलन” करने के लिए बाध्य होगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।
कलेक्टर महोदय ने ज्ञापन प्राप्त कर संबंधित विषयों पर नियमानुसार विचार करने एवं आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर दुर्ग संभाग प्रभारी नागराज साहू, जिला अध्यक्ष भारत यादव, जिला महासचिव चितरंजन साहू, जिला संरक्षण प्रभारी रहीपाल साहू, जिला संचालक महेश नेताम, जिला कमेटी के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में संगठन के सदस्य उपस्थित रहे।