रानीतराई साप्ताहिक बाजार में गंदगी का अंबार, स्वच्छ भारत मिशन को ठेंगा

रानीतराई। जनपद पंचायत पाटन अंतर्गत ग्राम रानीतराई के साप्ताहिक बाजार में इन दिनों गंदगी का अंबार लगा हुआ है। बाजार परिसर में जगह-जगह कचरे के ढेर दिखाई दे रहे हैं और नियमित साफ-सफाई नहीं होने के कारण पूरे परिसर में गंदगी पसरी हुई है। ऐसे में स्वच्छ भारत मिशन के दावों पर भी सवाल उठ रहे हैं।
रानीतराई ब्रिटिश शासनकाल से ही व्यापार का प्रमुख केंद्र रहा है और आज भी यह क्षेत्र के बड़े बाजारों में शामिल है। यहां प्रत्येक सोमवार को प्रमुख साप्ताहिक बाजार लगता है, वहीं शुक्रवार को भी बाजार का आयोजन होता है। बाजार परिसर में आज तक सेड का निर्माण भी नहीं हो सका हालांकि चबूतरा का निर्माण किया गया है। इन बाजारों में आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में व्यापारी पहुंचते हैं और दुकानें लगाकर व्यापार करते हैं। लेकिन बाजार समाप्त होने के बाद व्यापारी कचरा वहीं छोड़कर चले जाते हैं, जिसके कारण बाजार परिसर में लगातार कचरा जमा होता रहता है।
ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत द्वारा साप्ताहिक बाजार की नीलामी लाखों रुपये में की जाती है तथा व्यापारियों से बाजार शुल्क भी नियमित रूप से वसूल किया जाता है, लेकिन इसके बावजूद सफाई व्यवस्था को लेकर जिम्मेदारों द्वारा अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है। बाजार के दिन भी पर्याप्त साफ-सफाई नहीं होने से व्यापारियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
व्यापारियों ने बताया कि बाजार में दुकान लगाने के लिए नियमित रूप से टैक्स वसूला जाता है, लेकिन उसके अनुरूप सफाई व्यवस्था नहीं की जाती। कचरे के ढेर से उठने वाली दुर्गंध के कारण व्यापार करना भी मुश्किल हो रहा है। वहीं बाजार में खरीदारी करने आने वाले आम नागरिकों को भी गंदगी और बदबू के बीच खरीदारी करनी पड़ रही है।
बाजार परिसर में लंबे समय से बनी इस समस्या को लेकर स्थानीय लोगों और व्यापारियों में नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों ने पंचायत प्रशासन से मांग की है कि साप्ताहिक बाजार के दौरान और बाजार समाप्त होने के बाद तत्काल नियमित सफाई की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा कचरा उठाने के लिए पर्याप्त इंतजाम किए जाएं, ताकि बाजार परिसर स्वच्छ और व्यवस्थित रह सके।



