किसानों का प्रशासन के खिलाफ विरोध,विघुत टावर लाइन से प्रभावित किसानों का मामला
दुर्ग : दुर्ग ग्रामीण विधानसभा के 19 गांवों के 1650 प्रभावित किसानों ने 400 के.वी. टावर लाइन परियोजना के तहत किए जा रहे मुआवजा वितरण को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। किसानों का कहना है कि तहसीलदार ने बिना अधिसूचना जारी किए और बिना मुआवजा अधिनियम का पालन किए, मुआवजा प्रक्रिया पूरी करने का प्रयास किया।
पिछले दिनों क्षेत्रीय तहसील कार्यालय की टीम ने किसानों को बुलाकर मुआवजा वितरण के नाम पर पंचनामा तैयार किया और जबरन हस्ताक्षर कराने का दबाव बनाया। किसानों ने बताया कि उन्हें न तो मुआवजा निर्धारण की जानकारी दी गई और न ही भूमि सर्वे की प्रति दिखाई गई।



जनपद सदस्य ढालेश साहू ने कहा मुआवजा प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता होनी चाहिए। प्रभावित किसानों की सहमति के बिना किसी प्रकार की कार्यवाही करना न केवल नियम विरुद्ध है, बल्कि यह किसानों के अधिकारों का हनन भी है। उन्होंने कहा कि तहसीलदार द्वारा किसानों से जबरन हस्ताक्षर कराना अत्यंत गंभीर मामला है, जिसकी उच्चस्तरीय जांच होना आवश्यक है। प्रभावित किसान — गजेन्द्र कुमार साहू, अंजोर सिंह गजपाल, कृष्ण कुमार साहू, घनश्याम साहू, प्रकाश साहू, दुकालू राम सहित अन्य किसानों ने कहा कि यह कार्रवाई मनमानी है और अधिनियम में वर्णित 200% टावर बेस तथा 30% ROW मुआवजा का पालन नहीं किया गया।



