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धान उठाव के लिए अभी तक नही हुआ टेंडर, एग्रोटेक एस्टेग पंजीयन में रकबा कटने से नही बिक रहा धान

पाटन सेलूद। छत्तीसगढ़ में धान खरीदी जारी है लेकिन सभी जगहों पर किसानों को अव्यवस्था का सामना करना पड़ रहा है। कहीं किसान ऑनलाइन टोकन नहीं मिलने से परेशान हैं, कहीं एक दिन में धान खरीदी की लिमिट तय होने से किसान परेशान है उक्त बातें जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग (ग्रामीण) जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने सेलूद धान खरीदी केंद्र का जायजा लेने बाद कहा।

श्री ठाकुर ने आगे कहा कि पहले सहकारी समिति के कर्मचारियों के हड़ताल से रफ्तार सुस्त रहा, जब वो वापस लौटे तब भी किसानों की परेशानी कम नहीं हो रही है। कई किसान सम्मिलित खाता यानी ज्वाइंट अकाउंट होने के चलते केवल एक बार टोकन मिलने से परेशान हैं तो कुछ किसानों की समस्या ये है कि ऑलाइन टोकन, कुछ मिनटों में खत्म हो जाता है। एक दिन में धान खरीदी केंद्रों में खरीदी की लिमिट को कम करने से भी किसान परेशान है, इसके चलते किसान एक दिन में अपना धान बेच नहीं पाते। धान खरीदी के लिए एग्रोटेक में पंजीयन शासन ने अनिवार्य किया है लेकिन किसानों का पंजीयन ही नहीं हो पा रहा है, पंजीयन नही होने से सीधे रकबा काट कर शून्य दिखाया जा रहा है जिससे किसान धान नही बेंच पा रहे है। कई किसानों का आऱोप है कि एक हफ्तों बाद भी उन्हें भुगतान नहीं मिल पाता। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर लगातार किसानों की समस्या को लेकर सड़क की लड़ाई लड़ रहे है।

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धान उठाव के लिए अभी तक नही हुआ टेंडर

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जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने बताया कि धान खरीदी प्रारंभ हुवे नवम्बर का माह बीत गया अब दिसम्बर माह प्रारम्भ भी हो गया है लेकिन आज दिनांक तक खरीदे गए धान के उठाव के लिए टेंडर नहीं हुआ है जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि सरकार धान खरीदी के लिए कितना संवेदनशील है।

एग्रीस्टैक पोर्टल में पंजीयन अनिवार्य लेकिन, नही बिक रहा धान, किसान परेशान

एक ओर जहां कृषि विभाग ने पोर्टल में दो साल पुराना ही डाटा सबमिट किया, वहीं पोर्टल में एक दर्जन से अधिक खामियां अब तक सामने चुकी हैं. इन खामियों की वजह से किसानों का पंजीयन ही नहीं हो पा रहा, पंजीयन नही होने से सीधे रकबा काट दिया जा रहा है जिससे किसान धान नही बेंच पा रहे है। इस पोर्टल में पंजीयन कराने के लिए एक ओर जहां किसान समितियों तथा च्वाइस सेंटर में चक्कर काट रहे हैं. दूसरी ओर कृषि विभाग के अधिकारी इस संबंध में कुछ भी स्पष्ट कहने से बचते हुए नजर आ रहे. इस पोर्टल में पंजीयन कराने को लेकर परेशान किसानों का कृषि विभाग के आला अधिकारियों की ओर से समाधान नहीं किया जाना भी किसानों के लिए परेशानी बढ़ा रहा है जिससे किसान अपना धान नही बेंच पा रहे है।

इस दौरान पूर्व जिला पंचायत सदस्य जय श्री वर्मा, सेलूद सरपंच खिलेश मारकंडे, हरीश ठाकुर, धर्मेंद्र साहू, लोचन यादव, श्यामाचरण मनहर, हितेश निर्मलकर, करण राजपूत, उपसरपंच राकेश साहू, संजय यादव, मनु यदु, प्रेम लाल साहू, रवि पटेल, सरफराज, योगेश चंदेल सहित किसान मौजूद रहे ।

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