पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बेटे चैतन्य को लेने रायपुर सेंट्रल जेल के लिए रवाना, बेटे के जन्मदिन पर मिली आज़ादी, खास संयोग
भिलाई/ छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज अपने निवास से अपने बेटे चैतन्य बघेल को लेने रायपुर सेंट्रल जेल के लिए रवाना हुए। इस दौरान उनके साथ बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, समर्थक एवं शुभचिंतक मौजूद रहे। भिलाई से रायपुर तक का यह सफर राजनीतिक के साथ-साथ भावनात्मक रूप से भी खास माना जा रहा है।
समर्थकों की भारी मौजूदगी, उत्साह का माहौल


भूपेश बघेल के निवास से रवाना होते समय समर्थकों की भारी भीड़ देखने को मिली। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए एकजुटता का संदेश दिया। कई समर्थकों ने इसे न्याय और सच्चाई की जीत बताया।
शराब घोटाला मामला और गिरफ्तारी
उल्लेखनीय है कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शराब घोटाले से जुड़े मामले में चैतन्य बघेल को 18 जुलाई को गिरफ्तार किया था। संयोगवश यह दिन चैतन्य बघेल का जन्मदिन भी था, जिस कारण यह गिरफ्तारी प्रदेशभर में चर्चा का विषय बनी रही।
न्यायिक प्रक्रिया के बाद मिली राहत
लंबी कानूनी प्रक्रिया और न्यायालय में सुनवाई के बाद आज चैतन्य बघेल की रिहाई का मार्ग प्रशस्त हुआ। रिहाई की खबर सामने आते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। जगह-जगह मिठाइयां बांटी गईं और एक-दूसरे को बधाई दी गई।
जन्मदिन पर रिहाई, परिवार के लिए खास पल
आज का दिन परिवार के लिए और भी खास बन गया, क्योंकि चैतन्य बघेल के बेटे का आज जन्मदिन है। ऐसे में इसी दिन उनकी रिहाई को परिवार और समर्थक ईश्वर का आशीर्वाद और शुभ संकेत मान रहे हैं। समर्थकों का कहना है कि यह दिन लंबे समय तक यादगार रहेगा।
राजनीतिक हलकों में बढ़ी हलचल
इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति में भी हलचल तेज हो गई है।कांग्रेस नेताओं ने इसे न्याय की जीत बताया है,
जबकि विपक्ष की ओर से भी इस मामले पर प्रतिक्रिया आने की संभावना जताई जा रही है।
रायपुर सेंट्रल जेल के बाहर जुटे समर्थक
रायपुर सेंट्रल जेल के बाहर भी बड़ी संख्या में समर्थक एकत्रित होने लगे हैं। सभी को चैतन्य बघेल की रिहाई के बाद उनकी घर वापसी का बेसब्री से इंतजार है। समर्थक पूरे उत्साह और उम्मीद के साथ इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनने पहुंचे हैं।






