बर्तन बैंक की पहल ला रही बदलाव : दुर्ग जिले में सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग में आई कमी, स्टील बर्तनों की बढ़ी मांग

दुर्ग। श्रद्धा बर्तन संग्रहक एवं पर्यावरण संरक्षक सहकारी समिति मर्यादित, उमरपोटी जिला दुर्ग की पहल अब सकारात्मक परिणाम देने लगी है। लोगों में सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रति अरुचि बढ़ रही है और वे अब स्टील के बर्तनों का उपयोग कर पर्यावरण संरक्षण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर रहे हैं।
बर्तन बैंक की संस्थापक एवं जिला पंचायत सभापति श्रीमती श्रद्धा साहू ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि विगत 12 वर्षों की निरंतर मेहनत अब रंग ला रही है। लोगों में पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरूकता बढ़ी है। पहले जहां सार्वजनिक आयोजनों एवं कार्यक्रमों में शरबत व अन्य पेय पदार्थों के वितरण के लिए प्लास्टिक डिस्पोजल का उपयोग किया जाता था, वहीं अब लोग स्टील के गिलास एवं बर्तनों का उपयोग करने लगे हैं।


उन्होंने कहा कि गांव-गांव में बर्तन बैंक की मांग लगातार बढ़ रही है। सार्वजनिक कार्यक्रमों में स्टील के बर्तनों के उपयोग से स्वच्छता का संदेश भी दिया जा रहा है तथा प्लास्टिक मुक्त वातावरण बनाने की दिशा में यह पहल एक प्रेरणादायक उदाहरण बन रही है।
श्रीमती साहू ने बताया कि समिति का उद्देश्य केवल बर्तन उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है। यह पहल आज दुर्ग जिले में एक जनआंदोलन का रूप लेती जा रही है और आने वाले समय में इसे और व्यापक स्तर पर विस्तार देने की योजना है।






